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Government of Madhya Pradesh
 
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Government of Madhya Pradesh

(Federal/State Govt. / Local Govt./Govt. Bodies) Bhopal INDIA
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मध्यप्रदेश में बेटियों को मिली पढ़ने-बढ़ने की सुविधाएं    मध्यप्रदेश में बेटियों को राज्य सरकार द्वारा पढ़ने-बढ़ने की भरपूर सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। इन योजनाओं के फलस्वरूप कन्याओं को लेकर न केवल समाज की सोच में सकारात्मक परिवर्तन आया है बल्कि बेटियां भी अपनी क्षमता के अनुरूप विकास के लिए अवसर और सुविधाएं मिली हैं। समाज में कन्या जनम के प्रति समाज के दृष्टिकोण में सकारात्मक बदलाव लाने और कन्याओं को विकास के बेहतर अवसर दिलाने के लिए मध्यप्रदेश सरकार द्वारा शुरू की गयी लाड़ली लक्ष्मी योजना के तहत इस वर्ष 4 अरब 39 करोड़ 80 लाख रुपए का बजट प्रावधान किया गया है। उल्लेखनीय है कि वर्ष 2007 से शुरू की गयी इस अभिनव योजना के तहत अब तक साढ़े छह लाख से अधिक कन्याओं को इसका लाभ मिल चुका है। पिछले वर्ष इस योजना के तहत 3 अरब 2 करोड़ 17 लाख रुपए का प्रावधान किया गया था। मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान की पहल पर शुरू की गयी इस योजना की राष्ट्रीय स्तर पर सराहना हुयी है और अनेक राज्यों ने इसे अपनाया है। इस योजना के हत कन्या के जन्म पर सरकार छह वर्ष तक पाँच-पाँच हजार रुपए के द्वारा उसके नाम से राष्ट्रीय विकास पत्र खरीदे जाते हैं। यह राशि निरंतर बढ़ती रहती है। इस योजना को कन्याओं की शिक्षा से भी जोड़ा गया है। बालिका के कक्षा छठवीं में प्रवेश पर उसे दो हज़ार रुपए, नवमी में प्रवेश पर चार हजार रुपए तथा ग्यारहवीं में प्रवेश पर साढ़े सात हजार रुपए की राशि दी जाती हे। ग्यारहवीं और बारहवीं की पढ़ाई केस मय पढ़ाई के खर्च के लिए हर महीने दो सौ रुपए भी दिये जाते हैं। बालिका के 21 वर्ष की आयु पूर्ण होने पर और 18 वर्ष आयु से पूर्व विवाह न करने पर उसे एक लाख रुपए से अधिक राशि नगद दी जाएगी। मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान की पहल पर इस वर्ष से 15 जिलों में 'सबला' योजना भी शुरू की गयी है। यह योजना किशोरी बालिकाओं के सशक्तिकरण के लिए है। 'सबला' योजना के तहत 11 से 18 वर्ष आयु की किशोरियों के पोषण और स्वास्थ्य की स्थिति में सुधार लाया जाएगा। इस वर्ष इस योजना पर 40 करोड़ रूपए खर्च किये जायेंगे। शिक्षा ही विकास की कुंजी है इसलिए राज्य सरकार ने बालिकाओं को शिक्षा पर विशेष ध्यान देकर उन्हें अनेक सुविधाएं उपलब्ध कराई हैं। वर्तमान सरकार ने समस्याओं की तह में जाकर उनका व्यवहारिक समाधान करने की सोच के साथ लगातार ऐसे कार्य किये हैं, जो ऊपर से देखने में छोटे भले ही लगें, लेकिन उनके परिणाम बहुत दूरगामी हैं। सायकल की बात ही लें। प्रदेश के गाँवो में ऐसी हज़ारां बालिकाएं थीं, जो आठवीं तक पढ़ने के बाद सिर्फ इसलिए पढ़ाई छोड़ देती थीं कि नवमीं से पढ़ने के लिए स्कूल दूसरे गांव में थे। इतनी दूर पैदल जाना कठिन और असुरक्षित भी था। इसका समाधान उन्हें नि:शुल्क सायकल उपलब्ध कराकर किया गया। फलस्वरूप आज प्रदेश के गांवों में 14 लाख से ऊपर कन्याएं अपनी सायकल पर बैठकर सुविधा और सुरक्षा से आठवीं से आगे की पढ़ाई जारी रखे हुये हैं। अनुसूचित जाति-जनजाति की बालिकाओं को कक्षा सातवीं में प्रवेश पर ही यह सुविधा मिल जाती है। आठवीं तक अध्ययनरत कन्याओं को एक जोड़ के स्थान पर दो जोड़ी शाला गणवेश भी नि:शुल्क उपलब्ध कराये जा रहे हैं। source:mpinfo.org
Government of Madhya Pradesh 's City : Bhopal
Government of Madhya Pradesh 's Country : INDIA
 
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